मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ (कन्हैया मित्तल) लिरिक्स
Malik Bula Rahe Hain Khatu Mein Ja Raha Hoon Lyrics Lyrics
॥ मुखड़ा ॥ मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ। मेरे मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ। नौकर हूँ सांवरे का, सेवा निभा रहा हूँ, मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ।
॥ अंतरा 1 ॥ कितना सुखी है जीवन, मैं ही तो जानता हूँ। इसकी वजह ऐ लोगों, उनको ही मानता हूँ। वो ही गवा रहे हैं, तो ही तो गा रहा हूँ, मालिक बुला रहे हैं मुझको, खाटू में जा रहा हूँ।
किसी और की तरफ अब झांकना नहीं पड़ता, जब मालिक हो श्याम बाबा जैसा, तो झोली पसार कर माँगना नहीं पड़ता।
॥ अंतरा 2 ॥ औकात से भी बढ़कर मुझको वो दे रहे हैं, बदले में श्याम बाबा कुछ भी ना ले रहे हैं। उनके दिए हुए से उनको ही दे रहा हूँ, मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ।
॥ अंतरा 3 ॥ बेरंग जिंदगी को रंगों से भर दिया बाबा, मित्तल के लिए तुमने हद पार कर दी बाबा। उनकी कलम से ही देखो, उनको ही लिख रहा हूँ, मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ।
॥ समापन ॥ सेवक हूँ सांवरे का, सेवा निभा रहा हूँ, मालिक बुला रहे हैं... खाटू में जा रहा हूँ।

अर्थ (Bhavarth)
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Frequently Asked Questions
Q1: 'मालिक बुला रहे हैं, खाटू में जा रहा हूँ' भजन के मूल गायक और रचयिता कौन हैं?
A1: यह अत्यंत लोकप्रिय और भावपूर्ण भजन प्रसिद्ध श्याम भजन गायक कन्हैया मित्तल जी द्वारा गाया गया है। भजन के तीसरे अंतरे में "मित्तल के लिए तुमने हद पार कर दी बाबा" पंक्ति में उनका ही संदर्भ है।
Q2: इस भजन का मूल संदेश (Core Message) क्या है?
A2: इस भजन का मूल संदेश ईश्वर के प्रति पूर्ण कृतज्ञता (Gratitude) और समर्पण है। यह सिखाता है कि हमारे जीवन में जो भी सुख, कला या समृद्धि है, वह सब भगवान की देन है; इंसान केवल एक 'निमित्त' (सेवक) है।
Q3: "उनके दिए हुए से उनको ही दे रहा हूँ" पंक्ति का क्या आध्यात्मिक अर्थ है?
A3: इसका अर्थ है 'तेरा तुझको अर्पण'। भक्त मानता है कि उसके पास अपना कुछ भी नहीं है। उसकी आवाज़, उसके शब्द और उसकी कला सब कुछ बाबा श्याम की दी हुई है, और वह उसी कला का उपयोग करके अपने भगवान की महिमा गा रहा है।
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Categories: Phalgun Bhajan
Deity: Shri Khatu Shyam Ji
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मोहित तरकरMohit Tarkar
संस्थापक एवं मुख्य संपादक • Founder & Chief Editor
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